जौनपुर: एसटीपी का कार्य कर रहे मजदूर की मौत ने उठाये कई सवाल | #NayaSaveraNetwork
नया सवेरा नेटवर्क
सुरक्षा के इंतजाम के बिना कार्यदायी संस्था करा रही काम
स्वच्छ गोमती अभियान के अध्यक्ष गौतम बोले भ्रष्टाचार का बोलबाला
जौनपुर। नगर में विगत दो वर्षों से करीब पांच सौ करोड़ से ऊपर के बजट से बन रहे एसटीपी कार्य कराने वाली कार्यदायी संस्था पर लगातार कई आरोप लगते चले आ रहे हैं बावजूद इसके कार्रवाई होने के बजाय लोग इस संस्था को बचाने पर जुटे हुए हैं। मंगलवार को अहमद खां मंडी में चल रहे अमृत योजना के अंतर्गत सीवर ट्रीटमेंट प्लान्ट के लिए काम कर रहे गैर जनपद के मजदूर की दबने से मौत ने एक बार इसे चर्चा में ला दिया है। बताया जा रहा हैं कि तीन घण्टे चले रेस्क्यू आपरेशन के बाद दो जेसीबी की मदद से मजदूर को गढ्ढे से बाहर निकाला गया लेकिन तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। मृतक मजदूर का नाम रिजवान बताया गया जो गाजियाबाद जिले का रहने वाला था और अपने परिवार का भरण पोषण के लिए इस कार्यदायी संस्था से जुड़ा था लेकिन उसकी मौत के बाद परिजनों पर दु:खों का पहाड़ टूट पड़ा है। साथ ही सुरक्षा के मानक को दर किनार कर जिस तरह से कार्यदायी संस्था मजदूरों से काम ले रही है उसने भ्रष्टाचार की झलक साफ दिखाई पड़ रही है। स्वच्छ गोमती अभियान के अध्यक्ष गौतम गुप्ता ने बताया कि इस योजना के मानक को दरकिनार कर कार्यदायी संस्था अपने आकाओं को खुश करने के लिए मजदूरों व आम जनता की जान से खिलवाड़ कर रही है इसका जीता जागता उदाहरण मंगलवार को हुए हादसे में देखने को मिला जब दस फिट गहरे गड्ढे में मजदूर मिट्टी सही कर रहा था कि इसी दौरान ऊपर से मिट्टी भरभरा कर उसके उपर गिर गई और उसी में दबकर मौत हो गई।
उसको बचाने के लिए न तो सुरक्षा के कोई संसाधान मौजूद थे न ही मानक का ध्यान रखा गया जो साफ इशारा करता है कि कार्यदायी संस्था लापरवाही के साथ काम खुलेआम कर रही है। हालांकि घटना की जानकारी होते ही शहर कोतवाल मिथिलेश मिश्रा और थाना लाइन बाजार कोतवाल संजय वर्मा अपनी पूरी टीम के साथ मौके पर पहुँच गए और मजदूर को बाहर निकालने मंे कामयाब तो हो गये पर तब तक उसकी जान जा चुकी थी। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि रात के आठ बजे तक मजदूर काम करते दिखाई देते थे लेकिन उनके पास रोशनी का कोई भी इंतजाम रहता नहीं है और मोबाइल की लाइट से वे काम करने पर मजबूर होते हैं। वही दूसरी तरफ एसपी सिटी बृजेश कुमार द्वारा यह सफाई दिया गया कि सीवर के लिए हो रहे काम में सेफ़्टी का पूरा इंतज़ाम था। ब़ुधवार को मृतक रिजवान के शव का पोस्टमार्टम कर अग्रिम कार्रवाई की गई है। साथ ही परिजनों को उचित आर्थिक मुआवजा भी दिया जायेगा। फिलहाल पूरे मामले की जांच की जा रही है और जो भी दोषी पाया जायेगा उसके विरूद्ध कार्रवाई की जायेगी।