BREAKING

Bareilly News: उपनिषद् के मंत्र प्रदर्शनी में कलाकृतियों के माध्यम से जीवित हो उठे


निर्भय सक्सेना @ नया सवेरा 

बरेली। गंगाशील महाविद्यालय में तीन दिवसीय अखिल भारतीय चित्रकला प्रदर्शनी का समापन आध्यात्मिक और कलात्मक ऊर्जा के साथ हुआ। प्रदर्शनी में उपनिषद् के मंत्र प्रदर्शित कलाकृतियों के माध्यम से साक्षात् जीवित हो उठे। चित्रकला प्रदर्शनी के समापन समारोह की मुख्य अतिथि श्रीमती रश्मि पटेल (अध्यक्ष, जिला पंचायत, बरेली) का स्वागत महाविद्यालय के सचिव डॉ. एन. के. गुप्ता एवं कार्यक्रम की संयोजिका व प्रबंध निदेशक डॉ शशि बाला राठी जी ने उन्हें शॉल एवं बुके भेंट कर किया।

गंगाशील महाविद्यालय फैजुल्लापुर, नवाबगंज, बरेली में तीन दिवसीय प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए मुख्य अतिथि रश्मि पटेल ने कहा कि कला प्रदर्शनी केवल चित्रों का प्रदर्शन ही नहीं, अपितु एक चक्षु दीक्षा है। कलाकारों ने रंगों के माध्यम से उपनिषदों के कठिन भाषा को सरल और सुगम्य बना दिया है। इस प्रदर्शनी ने यह सिद्ध कर दिया कि जहाँ शब्द मौन हो जाते हैं, वहाँ रंग और रेखाएँ ब्रह्म की व्याख्या करना आरम्भ कर देती हैं। प्रदर्शनी में उपनिषद् के मंत्र कलाकृतियों के माध्यम से साक्षात् जीवित हो उठे, जैसे एक चित्र तत् त्वम् असि' और 'अहं ब्रह्मास्मि' जैसे महाकाव्यों को प्रतीकात्मक चित्र के माध्यम से दर्शाया गया। मुख्य अतिथि रश्मि पटेल ने प्रदर्शनी से एक चित्र उतार कर इस कला प्रदर्शनी का समापन किया।

महाविद्यालय के सचिव डॉ. एन. के. गुप्ता ने अपने संबोधन में कहा कि उपनिषद् भारतीय प्रज्ञा के शिखर हैं और इन चित्रों ने कठिन ज्ञान को एक सरल सुंदर और दृश्य रूप प्रदान किया है इस प्रदर्शनी का उद्देश्य देश के विभिन्न स्थानों से कलाकारों को एक मंच पर लाना है।

इस कार्यक्रम की संयोजिका डॉ. शशि बाला राठी, जो स्वयं एक प्रतिष्ठित कला मर्मज्ञ और दार्शनिक हैं, ने अपने उ‌द्बोधन में कहा कि उपनिषद् शब्दों की सीमा में सत्य को बाँधने का प्रयास करते हैं, लेकिन यह चित्र उन शब्दों को दृश्य अभिव्यक्ति प्रदान कर रहे हैं। उपनिषदों की रचना ऋषियों ने की थी, यहाँ स्वयं कलाकार एक ऋषि की भूमिका में है, जिन्होंने उपनिषद् की दार्शनिक जटिलता को अत्यंत सरलता से कैनवास पर उतारा है। उन्होंने सभी दर्शकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भविष्य में महाविद्यालय द्वारा ऐसी और भी प्रदर्शनियां लगाई जाएंगी। उन्होंने सभी कलाकारों की सराहना की और युवा कलाकारों को आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि तीन दिनों की इस यात्रा ने दर्शकों के मानस पटल पर एक गहरा आध्यात्मिक प्रभाव छोड़ा। यह आयोजन केवल एक चित्रकला प्रदर्शनी नहीं, बल्कि एक यज्ञ था, जिसका उद्देश्य प्राचीन भारतीय दार्शनिक चिंतन और वेदांत के गूढ़ रहस्यों को रंगों और रेखाओं के माध्यम से जनमानस तक पहुँचना था। प्रदर्शनी में प्रदर्शित कलाकृतियाँ मात्र चित्र ही नहीं, अपितु उपनिषद् के चित्रों का दृश्य रूपांतरण थीं। कलाकारों ने रंगों और तूलिका के माध्यम से उपनिषद् के दर्शन को जीवंत किया है।

इन चित्रों में कलाकारों ने पारम्परिक तैल चित्रण से लेकर आधुनिक अमूर्त कला शैलियों का प्रयोग किया है। प्रदर्शित चित्रों में अन्नमय कोष से आनंदमयकोष तक की यात्रा को दर्शाया गया है। 

इस कला प्रदर्शनी को स्थानीय जनसमूह से भी बहुत अधिक सराहना मिली। प्रदर्शनी को देखने के लिए स्थानीय जन, अभिभावक और कला प्रेमी उपस्थित रहे। कलाकारों की कलात्मक प्रतिभा, रंगों के चयन और सूक्ष्म विवरणों ने दर्शकों को मंत्र मुक्त कर दिया। प्रदर्शनी में देशभर के प्रख्यात और उभरते हुए नवोदित और वरिष्ठ कलाकारों के 60 से अधिक चित्र प्रदर्शित किए गए। प्रदर्शनी में उत्तर प्रदेश, देहरादून, भोपाल, झारखण्ड व राजस्थान के कलाकारों की कलाकृतियाँ प्रदर्शित हुईं। आगंतुक पंजिका में अतिथियों द्वारा प्रदर्शनी को लेकर विचार साझा किए गए। राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश के अध्यक्ष डॉ. सुनील कुमार विश्वकर्मा ने संयोजिका डॉ. शशि बाला राठी एवं उनकी पूरी टीम को हृदय से अभिनंदन एवं साधुवाद दिया। कलाभूषण डॉ. आर. एस. पुण्ढीर ने इस आयोजन के लिए संयोजिका डॉ. शशि बाला राठी एवं उनकी टीम की प्रशंसा की है। मेरठ कॉलेज, मेरठ की डॉ. मधु बाजपेयी जी ने महाविद्यालय को शुभकामनाएँ प्रेषित की है, तथा कहा ऐसी कलाकृतियों को देखकर मन मंत्रमुग्ध हो गया। 

11 अप्रैल 2026 से 13 अप्रैल, 2026 हुई प्रदर्शनी में तीनों दिन विभिन्न शिक्षण संस्थाओं एवं अन्य स्थानों से आए 300 से अधिक कला प्रेमियों ने इस प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इनमें प्रमुख रूप से प्रो. संदीप, सोनिया गोयल, डॉ मधु,  सुरेश बाबू मिश्रा, रंजीत पांचाले, निर्भय सक्सेना, डॉ. बृजेश कुमार शर्मा, सुनीत मूना, डॉ. रूचि अग्रवाल, आर्यवर्धन गुप्ता एवं गंगाशील स्कूल ऑफ नर्सिंग, गंगाशील आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज के विद्यार्थी प्रदीप मिश्रा, प्रतिभागी सहित अन्य कॉलेजों के विद्यार्थी व कलाप्रेमियों ने भी प्रदर्शनी का अवलोकन किया। 

यह भी पढ़ें | Bareilly ews: पर्वतीय समाज का वार्षिक अधिवेशन 26 अप्रैल को

Admission Open 2026-27  Nehru Balodyan Sr. Secondary School  Kanhaipur, Jaunpur  Contact 9415234111, 9415349820, 94500889210
विज्ञापन


OPD Start : अशोक हॉस्पिटल महरुपुर वाराणसी-जौनपुर रोड जफराबाद जौनपुर | Emergency Contact : 7565955001, 7575955002
विज्ञापन



नया सबेरा का चैनल JOIN करें