जौनपुर: पानी रे पानी तेरा रंग कैसा | #NayaSaveraNetwork
नया सवेरा नेटवर्क
धान व गन्ना की फसलें, आंधी- पानी से हुई बर्बाद
केराकत जौनपुर। क्षेत्र में आयी आंधी-पानी के चलते धान व गन्ने की फसलें गिरकर बर्बाद हो गयीं हैं। अपने खून पसीने की कमाई से तैयार की गयी धान व गन्ना की फसलों की बर्बादी देख हर किसान खून के आंसू बहाने पर विवश नजर आ रहे हैं। मालूम हो कि सोमवार की रात से ही आंधी के साथ मंगलवार को सुबह दस बजे तक मुसलाधार वर्षा होती रही। जिसका प्रतिफल यह हुआ कि करीब तैयार हो चुकी धान की फसलें व गन्ना की फसलें गिर गयीं। क्षेत्र के ग्राम डेड़ुवाना निवासी धान के बड़े किसान अनिल कुमार सिंह ने बताया कि 35 बीघे में धान की फसल लगाया था। जो इस आंधी- पानी के चलते लगभग 90 प्रतिशत फसलें पूरी तरह गिर गयीं हैं। शेष फसल जो बची है वह भी एक दो दिन में गिर जायेगीं। इसी प्रकार ग्राम अकबरपुर निवासी धान किसान उदय प्रताप सिंह ने भी बताया कि हमारी धान की फसलें भी गिर गयी हैं। इसी प्रकार ग्राम अतरौरा निवासिनी महिला किसान शुभावती देवी पत्नी राम सिंगार यादव ने बताया कि आंधी पानी के चलते हमारी गन्ने की फसल गिरकर नष्ट हो गयी है। क्षेत्र के क गांवों के धान व गन्ना किसान इस बारिश के चलते फसलों की क्षति होने से काफी दुखी देखे जा रहे हैं।किसानों का कहना है कि इस भीषण मंहगाई के दौर में खाद ,बीज पानी,दवा आदि व कड़ी मेहनत करके बड़े ही अरमान से फसल लगाया था,लेकिन इस बारिश ने हम किसानों के अरमानों पर तो पानी फेर ही दिया है,साथ ही कमर भी तोड़ दिया है। किसानों ने शासन- प्रशासन ने क्षति हुई फसलों का मुआवजा देने की मांग की है।


