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    जब Vicky Kaushal के पिता ने कैंसर से लड़ते हुए जान तक देने का कर लिया था फैसला, सालों बाद बयां किया दर्द

    नई दिल्ली. कैंसर जैसी खतरनाक बीमारी से जूझना जिंदगी और मौत से लड़ने के बराबर है. अभिनेता विक्‍की कौशल के पिता शाम कौशल को भी स्‍टॉमक कैंसर से दो-दो हाथ करना पड़ा और इस लड़ाई में वह जीत गए. हालांकि जैसा की आप अंदाजा लगा सकते हैं कि उनके लिए कैंसर को मात देने तक का सफर कितना मुश्किल भरा रहा होगा. यहां तक कि उनके मन में सुसाइड तक करने के ख्‍याल आने लगे थे. मगर कैंसर की इस लड़ाई में उन्‍हें अपनों का साथ मिला और वह इस जंग को जीतने में कामयाब रहे. विक्‍की के पिता शाम को फिल्‍म इंडस्‍ट्री में काम करते हुए 42 साल हो गए. इस मौके पर ही उन्‍होंने बातचीत में कैंसर की लड़ाई को लेकर भी अपना दर्द बयां किया.
    अनुराग कश्‍यप ने दिया पूरा साथ
    शाम की कैंसर की लड़ाई में फिल्‍म इंडस्‍ट्री के लोगों ने भी उनका पूरा साथ दिया. खास तौर से उन्‍होंने फिल्‍मकार अनुराग कश्‍यप का जिक्र किया. उन्‍होंने बताया कि कैसे अनुराग ने उनके बिना फिल्‍म ‘ब्‍लैक फ्राइडे’ पर काम करने से मना कर दिया. शाम ने उन्‍हें अपना साइनिंग अमाउंट लौटाने की भी कोशिश की, मगर उन्‍होंने नहीं लिया और कहा कि फिल्‍म पर तभी काम शुरू होगा, जब वह पूरी तरह ठीक और काम पर लौटने के काबिल नहीं हो जाते.
    ‘लक्ष्‍य’ की शूटिंग के बाद शुरू हुआ दर्द
    अपने स्‍टॉमक कैंसर के बारे में टीओआई से बात करते हुए शाम ने कहा कि सितंबर 2003 में ऋतिक रोशन की फिल्‍म ‘लक्ष्‍य’ की शूटिंग कंप्‍लीट कर वापस लौटने के बाद उनके पेट में अचानक दर्द होना शुरू हुआ था. बाद में श्‍याम बेनेगल की फिल्‍म ‘नेताजी सुभाषचंद बोस’ की शूटिंग के दौरान उन्‍होंने मुंबई के नानावटी हॉस्पिटल में चेक कराने का फैसला किया.
    नाना पाटेकर के साथ गए थे हॉस्पिटल
    शाम ने यह भी खुलासा किया कि एक बार उन्‍होंने अभिनेता नाना पाटेकर के साथ नानावटी हॉस्पिटल का दौरा किया था. शाम की सर्जरी के बाद डॉक्‍टर्स ने नाना को बताया कि उन्‍हें स्‍टॉमक कैंसर हुआ था. उनका करीब एक साल तक इलाज चला और फिर उनकी सेहत में धीरे-धीरे सुधार हुआ.
    जान देने का कर लिया था फैसला
    शाम ने कहा, ‘’मुझे नहीं पता था कि मैं जिंदा रहूंगा कि नहीं. मैंने इस बारे में किसी को नहीं बताया था.’’ अपनी बीमारी को लेकर शाम इतने परेशान हो गए थे कि उन्‍होंने सुसाइड करने का भी मन बना लिया था. उन्‍होंने कहा, ‘’मुझे लगा कि मेरे जिंदा रहने कोई चांस नहीं है. मैंने यहां तक फैसला कर लिया कि मैं थर्ड फ्लोर से कूद कर अपनी जान दे दूंगा, क्‍योंकि मैं ऐसे नहीं जी सकता.’’





    पिता शाम कौशल के साथ विक्‍की कौशल
    पिता शाम कौशल के साथ विक्‍की कौशल

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