• Breaking News

    जौनपुर : 84 घंटे बाद बंद हुई बारिश, पटरी पर लौट रही जिंदगी, 50 कच्चे मकान ​ढहे #NayaSabera

    • धर्मापुर में एक वृद्ध की मौत, सुरेरी में पति, पत्नी, बच्चे मलबे में दबे, पत्नी की हालत गंभीर
    नया सबेरा नेटवर्क
    जौनपुर।
    जिले में लगभग 84 घंटे बाद बारिश बंद हुई जिसके बाद से बेपटरी हुई जिंदगी पटरी पर लौटने लगी है। गोमती नदी का जलस्तर 20 फिट का आंकड़ा पार कर चुका है। तीन दिन से हुई लगातार बारिश से कच्चे मकानों के गिरने का सिलसिला जारी है। इस कहर में कई परिवार बेघर हो गये है। शहर से ग्रामीणांचल तक हाहाकार मचा हुआ है। धर्मापुर में एक के बाद एक कुल 12 कच्चे मकान गिर गये है जिसमें एक वृद्ध की मौत हो गयी। जिले भर में कुल 50 कच्चे मकान गिर गये जिससे लोगों को समस्याओं से दो चार होना पड़ेगा।

    12 कच्चे मकान गिरे, एक वृद्ध की मौत
    जगदीश गुप्ता, धर्मापुर : विकास खण्ड मुफ्तीगंज के ग्राम विझवार सागर में सूबेदार यादव व बालचन्द गौतम के कच्चे मकान ढह गए जिसमें उनके अनाज, बिस्तर और जरुरी सामान दब गये जिससे काफी नुकसान हो गया। घर के लोग दूसरे घर में सोये थे। कोई भी लेखपाल व कर्मचारी बारिश के कारण नहीं पहुंचे थे। वहीं बंजारेपुर में महेंद्र, बलिहारी, विजय, कर्मदासपुर में पिंटू, गौरा में रोहित, गजराज, गोरख, सतई राजभर का कच्चा मकान गिरा है। वहीं गौराबादशाहपुर थाना क्षेत्र के धानापुर गांव में बारिश के चलते रविवार की भोर में एक कच्चा मकान ध्वस्त हो गया। जिससे उसके मलबे में दबकर मंजा देवी 68 वर्षीय पत्नी मुन्नर राम की मौत भी हो गयी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। गांव के प्रधानपति अवधेश सिंह की सूचना पर नायब तहसीलदार केराकत मौके पर पहुंचकर परिजनों को हर संभव मदद का आश्वासन दिया।

    कच्चा मकान ढहा चौकीदार समेत तीन घायल
    सुरेरी : स्थानीय क्षेत्र के नूरपुर गांव में लगातार हो रहे भारी बारिश के चलते कच्चा मकान गिरने से मलबे में दबकर चौकीदार समेत पत्नी व बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए।  बताते हैं कि नूरपुर गांव निवासी रामचंद्र राजभर रविवार की सुबह पत्नी मीरा देवी व बेटे मुकेश के साथ बारिश से बचने के लिये घर में बैठे थे। सुबह लगभग 10 बजे अचानक बरसात की वजह से रामचंद्र का मकान ढह गया। मकान ढहने की वजह से मकान में मौजूद रामचंद्र पत्नी मीरा व बेटे मुकेश मलबे में दब गए जिनका चीख-पुकार सुनकर मौके पर पहुंचे पड़ोसियों ने मकान गिरने की सूचना स्थानीय पुलिस को देकर मलबे से निकालने का प्रयास करने लगे। वहीं सूचना पर सुरेरी पुलिस भी मौके पर पहुँच गई और ग्रामीणों के सहयोग से सभी घायलों को मलबे में से बाहर निकाला और सभी को उपचार के लिए एक निजी अस्पताल ले गए जहाँ उपचार के बाद रामचंद्र राजभर व उनके बेटे मुकेश को डॉक्टरों ने छोड़ दिया वहीं रामचंद्र की पत्नी मीरा देवी को गंभीर चोट होने की वजह उन्हें वाराणसी के लिए रेफर कर दिया जहाँ उपचार अभी भी चल रहा है लेकिन स्थिति नाजुक बनी हुई हैं। रामचंद्र सुरेरी थाने पर चौकीदार है। रामचंद्र की आर्थिक स्थिति अच्छी न होने के कारण उपचार में भी दिक्कत हो रही है।

    बारिश का कहर, दर्जन भर से अधिक गरीबों के ढहे आशियाने
    शिवशंकर दुबे, खुटहन : शनिवार की रात क्षेत्र के विभिन्न गांवों के 16 कच्चे मकान धराशायी हो गये। मलूकपुर गांव निवासी शिक्षक इंद्रकुमार यादव, सौरइयां के बिपत पासवान, रसूलपुर गांव के अवधेश विश्वकर्मा, शहाबुद्दीनपुर के सुनील कुमार, डिहियां के रामा प्रसाद पाण्डेय, मुबारकपुर के कमला प्रजापति, अंगुली गांव के चतुरी कन्नौजिया, कृष्ण कुमार श्रीवास्तव, हंसराज मौर्य, कैराडीह गांव के भोला गौतम, बड़नपुर के रामलखन, बनहरा के दलसिंगार, तथा काजी शाहपुर गांव के रामधनी, बेचन, जितेन्द्र, तथा जोखूराम का कच्चा मकान धराशायी हो गया।

    8 कच्चे मकान गिरे
    केके वर्मा, केराकत : बारिश के चले नरायनपुर में शोभनाथ, रामसम्हार, संतराज, मुरकी ग्राम में सकीना, हुरहरि में प्यारेलाल, अकबरपुर में ओमप्रकाश, नरहन में कुमार प्रजापति, पचवर में नन्हकू सरोज के कच्चे मकान गिर गये। वहीं नगर के नालापार निवासी छोटू सेठ के पक्के मकान का छज्जा (बारजा) बारिश की मार झेलते हुए गिर गया जिससे अफरा-तफरी मच गया। कोई जनहानी नहीं हुई।

    तीन दिनों से विद्युत सप्लाई ठप्प
    अरशद हाशमी, मड़ियाहूं : क्षेत्र के विद्दुत उपकेंद्र पर तीन दोनों से बिजली सप्लाई न आने से सभी फीडरों के सैकड़ों गांव में अंधेरे में है। जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। बरसठी थाना क्षेत्र के कटवार में 33000 बोल्ट के तार पर गुरुवार की भोर में पेड़ गिर जाने के कारण रामपुर पावर हाउस की विद्युत सप्लाई ठप हो गई जिससे क्षेत्र के सैकड़ों गांव अंधेरे में हैं। जेई विद्दुत उपकेंद्र रामपुर रामनारायण यादव ने बताया कि विद्युत आपूर्ति बहाल करने के लिए तेजी से कार्य किया जा रहा है।

    वरुणा तराई क्षेत्र के लोग सहमे
    प्रदीप कुमार दुबे, मीरगंज : बारिश से वरुणा नदी तराई क्षेत्र के लोगों में भय उत्पन्न होने लगा है। क्षेत्र के अमाई, कमासिन, कसेरवा, बसेरवा, बनकट कारो, गहरपुर, साडा आदि गांवों के लोग काफी भयभीत हैं।

    दर्जनों कच्चे मकान गिरे, मुश्किल में गरीब परिवार
    अनिल श्रीवास्तव, महराजगंज : क्षेत्र के गोंदालपुर गांव में लगातार बारिश से रामचंद्र, रामलखन, जयराम, दयाराम, जोखन, उदयराज, जितेंद्र, गेना देवी, वीरेंद्र, रामदेव, पारसनाथ व हरिश्चंद्र का कच्चा मकान धराशायी हो गया है। परिवार के लोग सदमे में रहकर गुजर बसर कर रहे हैं। गृहस्थी का सामान अनाज व उपयोगी समान मलबे में दबकर नष्ट हो गए हैं और अभी तक प्रशासन की तरफ से कोई मदद नहीं मिली। इसी तरह क्षेत्र के सवंसा निवासी समीउल्लाह का तीन मकान धराशायी हो गया जिसमें परिवार के समीउल्लाह की पत्नी नजमा, पुत्र शौकत, सद्दाम, यूनुस, पुत्री गुड़िया, मोमिना, शहाना, पौत्र फिरोज, माली, फिजा, रोजी, बहू राबिया, सोनी बेघर होकर सड़क पर तिरपाल डालकर जीवन बसर कर रहे है। पूरे परिवार का चार कच्चा मकान ढह गया है। घरेलू सामान डेढ़ फीट पानी में बह रहा है। सूचना पर हल्का लेखपाल विंध्यवासिनी मौके पर पहुँचकर भौतिक सत्यापन किया।

    उफान पर सई नदी
    रामाज्ञा यादव, जलालपुर : लगातार बारिश होने के कारण सई नदी का जल स्तर खतरे के निशान को पार कर गया है। सई नदी के अगल-बगल के कई गाँव बाढ़ की चपेट में आ गये है। सई नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से किसानों के माथे पर चिंता की लकीरे स्पष्ट दिखाई देने लगी है। सैकड़ों एकड़ फसलें बजरी, बाजरा, मक्का, धान आदि फसलों में बाढ़ का पानी घुस गया है। नहोरा, प्रधानपुर, रसूलपुर, मनहन, ईजरी, खलीप्ता, ताला मझवारा, लालपुर, महिमापुर, नेवादा, हरीपुर, महिमापुर, ऊदपुर गांव बाढ़ की चपेट में आ गये है। वहीं जलालपुर कस्बे के बीच से होकर गुजरने वाली सई नदी के उफान के चलते स्थानीय थाने के पीछे से लेकर बाईपास जनहित विद्यालय के समीप तक बाढ़ का पानी लगा हुआ है। सड़क के किनारे पप्पू, भोला, शोले, खुद्दी आदि सैकड़ों लोगों के मकान में पानी घुस गया है। जलस्तर बढ़ जाने से जलालपुर से रसूलपुर, मनहन, इजरी, खिलप्ता, सेहमलपुर, तालामझवारा का सम्पर्क मार्ग पानी में डूब गया है जिससे लोगों को दूसरे गांव से कई किमी घूमकर जाना पड़ रहा है। जिला प्रशासन द्वारा अभी तक नाव एवं राहत कार्य न किए जाने से जनता को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

    बारिश से गिरे कच्चे मकान
    रतन लाल आर्य, बख्शा : स्थानीय थाना क्षेत्र के बैसपार एवं गैरीखुर्द गांव में बारिश के दौरान कच्चा मकान धरासाई हो गया। बैसपार गांव निवासी संतोष पाल एवं गैरीखुर्द गांव निवासी शिवशंकर यादव अपने कच्चे घर के अगले हिस्से में रहते थे। शनिवार रात्रि हुई बारिश से अचानक पीछे का हिस्सा धरासाई हो गया। पीड़ित परिवारों का सारा सामान नष्ट हो गया।

    राहत कार्य में जुटे लोग
    अरशद हाशमी, मड़ियाहूं : नेवढ़िया थाना क्षेत्र के तिवरान में तेज वर्षा के कारण मुसहरी बस्ती में बारिश का पानी डूब जाने से काफी क्षतिग्रस्त हुई जिसमें ग्रामसभा इमरान के कोटेदार पप्पू तिवारी, दिनेश तिवारी, निलेश सिंह, बृजेश सिंह, अवधेश, धर्मेंद्र, मंगला सेठ, पिंटू तिवारी, राकेश तिवारी आदि देवरान के सभी लोगों ने मिलकर बचाव किया। कोटेदार पप्पू तिवारी ने अनाज, बिस्किट, भोजन की सारी व्यवस्था भी की और 200 भी प्रत्येक आदमी को दिये।

    #जौनपुर में पहली बार वेबमण्डी (#WebMandi) द्वारा ताजा #फल और #सब्जियों का #आर्डर #फ़ोन और #व्हाट्सएप्प पर करें-  आर्डर करने के लिए 9554113355 और 9554113366 पे काल या व्हाट्सएप्प करें, आपका सामान एक अच्छी और स्वच्छ तरीके की पैकिंग के साथ आपके घर/दुकान पे  पहुंचा दिया जाएगा।  मोबाइल एप्लीकेशन #गूगल_प्ले स्टोर पर WebMandi नाम से उपलब्ध है। उसे #डाऊनलोड करके उससे सीधे #आर्डर कर सकते है।     https://play.google.com/store/apps/details?id=com.webmandi.app    #WebMandi #Jaunpur
    Advt

    Advt

    High Class Men's Wear Olandganj Jaunpur | Mohd. Meraj Mo 8577913270, 9305861875
    Advt

    No comments